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Monday, August 22, 2016

हे प्रभु हमारा ह्रदय आपके श्री चरणों से जुडे रहें

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परम पूज्य सुधांशुजी महाराज

हे प्रभु हमारा ह्रदय आपके श्री चरणों से जुडे रहें
हे जीवन के आधार। सुख स्वरूप सचिदानंद परमेशवर। समस्त संसार में आपने अपनी कृपाओं को बिखेरा हुआ है। हमारा क्षद्धा भरा प्रणाम आपके श्रीचरणों में स्वीकार हो। हे प्रभु। जब हम अपने अंतर्मन में शान्ति स्थापित करते हैं तब हमारे अन्त:स्थ में आपके आनन्द की तरंगें हिलोरें लेने लगती हैं और हमारा रोम-रोम आनन्द से पुलकित होने लगता है। जिससे हमारा व्यवहार रसपूर्ण और प्रेमपूर्ण हो जाता है। हे प्रभु! हमारा ह्रदय आपसे जुडा रहे, हम पर आपकी कृपा बरसती रहे, हमारा मन आपके श्रेचार्नोनें लगा रहे, यह आशीर्वाद हमें अवश्यदो  ताकि हम पर हर दिन नया उजाला, नई उमंगें, नया उल्लास लेकर जीवन के पथ पर अग्रसर हो सकें ! ऐसी हमारे ऊपर कृपा कीजिए। हे दयालु दाता। हमें ऐसा आशीर्वाद दीजिए कि हम प्रत्येक दिन को शुभ अवसर बना सकें। प्रत्येक दिन की चुनौती का सामना करने के लिए हमें ऐसी शक्ति प्रदान कीजिए कि जिससे हम संघर्ष में विजयी हों। हमारे द्वारा संसार में कुछ भी बुरा न हो, प्रेमपूर्ण वातावरण में श्वास ले सकें तथा प्रेम को संपूर्ण संसार में बाँट सकें। हे प्रभु! हमें यह शुभाशीष दीजिए। यही आपसे हमारी विनती है, यही याचना है। इसे स्वीकार कीजिए। 

Thursday, August 18, 2016

आप क्या बोलते

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परम पूज्य सुधांशुजी महाराज



आप क्या बोलते हैं, बच्चा वो नहीं सीखता। आप क्या करते हैं और क्या घर का माहौल है, बच्चा वह सीखता है।

Wednesday, August 17, 2016

जब मन में


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परम पूज्य सुधांशुजी महाराज


जब मन में  संतुष्टि होतृप्ति हो तभी चेहरे पर धन्यवाद का भा आएगा और
 आँखो में प्रेम 

Thursday, August 11, 2016

दूसरों को चोट


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परम पूज्य सुधांशुजी महाराज 


दूसरों को चोट पहुँचाने वाला सत् ,सत्य नहीं होतासत्य हितकारी होनाचाहिए। 

Tuesday, August 9, 2016

आपका वास्तविक

आपका वास्तविक रूप है शान्ति। हर पल शान्ति में, प्रसन्न्ता में बिताने की कोशिश करें ।

परम पूज्य सुधांशुजी महाराज

गुण बहुत दुर्लभ हैं



  • गुण बहुत दुर्लभ हैं , धन में पवित्रता , दान में विनय , वीरता में दया और अधिकार में निराभिमानता !
  • पूज्य सुधांशुजी महाराज्